भूपतवाला, बहादराबाद व सिडकुल के होटलों-रेस्टोरेंटों में खाद्य विभाग का औचक निरीक्षण, अनियमितताओं पर नोटिस जारी

हरिद्वार। खाद्य सुरक्षा आयुक्त उत्तराखण्ड विनय शंकर पाण्डेय एवं जिलाधिकारी मयूर दीक्षित के निर्देश पर मंगलवार को जिला खाद्य सुरक्षा विभाग की टीम ने भूपतवाला, बहादराबाद और सिडकुल क्षेत्र में स्थित होटलों व रेस्टोरेंटों का औचक निरीक्षण किया।
जिला खाद्य सुरक्षा अधिकारी महिमानन्द जोशी के नेतृत्व में वरिष्ठ खाद्य सुरक्षा अधिकारी दिलीप जैन एवं कैलाश चन्द्र की टीम ने कई प्रतिष्ठानों में भारी अनियमितताएं पकड़ीं। नियमों का उल्लंघन करने पर संबंधित होटल-रेस्टोरेंट संचालकों को नोटिस जारी किए गए हैं।
टीम ने सबसे पहले भूपतवाला क्षेत्र में स्थित *होटल गंगा ब्लिस* एवं *होटल रीनेस्ट* का निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम 2006 के तहत जरूरी अभिलेखों की जांच की गई। इसमें पानी की जांच रिपोर्ट, भोज्य सामग्री जांच रिपोर्ट, पेस्ट कंट्रोल रिपोर्ट, कर्मचारियों के मेडिकल सर्टिफिकेट तथा प्रशिक्षण संबंधी दस्तावेज खंगाले गए।
अधिकारियों ने होटल संचालकों को साफ-सफाई रखने, गुणवत्ता युक्त खाद्य सामग्री प्रयोग करने और प्रतिबंधित एनालॉग डेयरी उत्पादों का प्रयोग न करने के कड़े निर्देश दिए। इस दौरान लाल मिर्च पाउडर का 1 और प्रिपेयर्ड फूड “पनीर लबाबदार” का 1 नमूना प्रयोगशाला जांच के लिए भरा गया।
बहादराबाद स्थित एक प्रतिष्ठित होटल के स्टोर और किचन की जांच में गंभीर लापरवाही सामने आई। डीप फ्रीजर में गंदगी पाई गई और उसी गंदगी में खाद्य पदार्थ खुले में रखे हुए थे। किचन में सड़े-गले खाद्य पदार्थ भी मिले। कई खाद्य सामग्री सीधे जमीन पर रखी होने के कारण उनमें नमी आ गई थी।
टीम ने मौके से 3 खाद्य पदार्थों के नमूने प्रयोगशाला जांच हेतु लिए। अनियमितताएं पाए जाने पर होटल कारोबारी को नोटिस जारी कर जवाब तलब किया गया है।
वरिष्ठ खाद्य सुरक्षा अधिकारी दिलीप जैन के नेतृत्व में सिडकुल स्थित पेंटागन मॉल के एक प्रतिष्ठित रेस्टोरेंट का भी निरीक्षण किया गया। यहां कटी हुई खराब सब्जियां मिलीं, जिन्हें मौके पर ही नष्ट कराया गया।
इसके अलावा अनिवार्य दस्तावेज प्रस्तुत न करने और पीने के पानी के टैंक की सफाई का रिकॉर्ड न दिखाने पर रेस्टोरेंट को नोटिस दिया गया। जांच टीम ने आइसक्रीम, शेक और फ्रिज बनाने में इस्तेमाल होने वाले फ्रूट सिरप के 2 लीगल नमूने भी जांच के लिए गये।





