लालढांग चिल्लर खाल मोटरमार्ग बनाओ हमारा कैंडल मार्च निकालकर लगाया नारा
लालढांग
लालढांग चिल्लर खाल मोटरमार्ग निर्माण नहीं होने के कारण लालढांग क्षेत्र के ग्रामीणों ने शनिवार को नया गांव तिराहे से लालढांग गांधी चौक तक कैंडल मार्च निकाला कैंडल मार्च में ग्रामीण नारे लगा रहे थे एक ही लक्ष्य एक ही नारा लालढांग चिल्लर खाल मोटरमार्ग बनाओं हमारा,रोड़ नहीं तो बोट नहीं। राज्य का गठनहुए 25 वर्ष हो गए किन्तु उत्तराखंड राज्य कि लाईफ लाईन कंडी मार्ग लालढांग चिल्लर खाल कोटद्वार रामनगर का आज तक डामरिकरण नहीं हो पाया है जिससे आक्रोशित होकर ग्रामीणों ने कैंडल मार्च निकालकर गांधी चौक लालढांग में सभा आयोजित की।
लालढांग गांधी चौक पर हुई सभा कों सम्बोधित करते हुए कंडी रोड़ संघर्ष समिति के संयोजक कीर्ति मोहन द्विवेदी ने कहा कि 20 नवंबर 2008को सड़क के निमार्ण का शासनादेश सचिव अनूप बधावन द्वारा पारित किया गया था किन्तु 17 वर्ष बाद भी आज तक सड़क का निर्माण नहीं हो पाया है लालढांग क्षेत्र के ग्रामीण कालेज के छात्र बीमार लोग जो बरसाती नदी पार कर आ जा रहे हैं यह मार्ग राजनीति कि भेंट चढ़ चुका है शासनद्वारा हमारे पास जो पत्र है उसमें कहीं पर भी न्यायालय का जिक्र नहीं है सभा को संबोधित करने वालों में प्रमुख रूप से नारायण सिंह रावत,नवीन चमोली, आर0एस0 मनराल, तेजपाल सिंह असलम, रोहित नेगी, निर्मल डबराल, भुवनेश शर्मा, जयवीर सिंह, जयचन्द चतुर्वेदी अनीश, लोकेश नेगी चंद्रमोहन नेगी,सोनु वर्मा यशपाल, ममता मनराल, शोभा देवी सुनीता क्षेत्र पंचायत सदस्य राजेश्वरी देवी आदि के साथ ही क्षेत्रीय ग्रामीण प्रमुख रूप से शामिल हुए।




